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मेहनत कभी बेकार नही जाती है।

मेहनत कभी बेकार नही जाती है।

Kavitadilse.top द्वारा आप सभी पाठकों को समर्पित है।


भले तुम मुझे करो पराजित
भले चारो खानों करो चित मुझे।
मेरी ताकत मेरी सोच में है
उसे कैसे तुम करोगे परिवर्तित।

मैंने कभी भी हार नही मानी
मन में रखी है एक अटल विश्वास।
आज के दिन तुम्हारी मेहनत रंग लाई है
कल के दिन चमकेगा मेरा अकाश।

Written by sushil kumar

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