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झुलसाती गरमी में।।

झुलसाती गरमी में
                   जब सारा जन जीवन बदहाल हो जाए।
 पेड़ पौधे सूखने लगे
                   और मनुष्यों का जीवन बेहाल हो जाए।
फिर कहीं दूर आसमान में
                    मस्त मौला बादल नजर आ जाए।
और मन में एक आस की किरण
                     फूट फूट कर बाहर आ जाए।

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