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टिमटिमाती तारों के बीच

टिमटिमाती तारों के बीच
                           जब चाँद नजर आ जाता है।।
मनमोहनी शीतल पवन
                           जब चेहरे को चूम जाती है।।
एक एहसास दिल में फिर से
                           आज जगा जाता है।।
जैसे दूर कहीं से मेरी महबूबा ने
                            एक प्यार भरा संदेशा भेजा है।।

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